जिन महाराणा प्रताप को प्रणाम करने के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चंद रोज पहले मेवाड़ आए थे उन्हीं हिन्दू सम्राट प्रताप की राजस्थान के ब्यावर शहर में बेकद्री हो रही है। यहां प्रताप की प्रतिमा खंडित है। शासन-प्रशासन प्रताप के गौरव व सम्मान की अनदेखी कर रहा है। कई बार मांग और आक्रोश प्रदर्शन के बाद भी प्रताप की खंडित प्रतिमा को बदला नहीं गया और ना ही क्षतिग्रस्त सर्किल की मरम्मत करवाई गई। सत्ताधारी भाजपा शासन के जिम्मेदारों को भी प्रताप के मान-सम्मान का भान नहीं रहा। विड़ंबना रही कि विश्व हिन्दू परिषद, बजरंग दल, शिवसेना जैसे हिंदूवादी संगठन भी इस गंभीर मामले पर पुरजोर आवाज नहीं उठा सके। इससे हिन्दू समाज में आक्रोश फैल गया। आज हिन्दू समाज के लोगों ने प्रताप की प्रतिमा को काले कपड़े से ढक दिया और लिख दिया कि 'खंडित प्रतिमा है।' गाडोलिया लोहार समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष कालूराम चौहान ने सोशियल मीडिया पर फोटो सहित पोस्ट कर इसकी जानकारी दी। इस घटना के बाद हिन्दू समाज में जनप्रतिनिधियों के खिलाफ नाराजगी फैल गई। शहर का शांतिपूर्ण माहौल खराब होने का अंदेशा बन गया। ऐसे में सामाजिक विचारक सुमित सारस्वत ने सरकार को मामले से अवगत करवाया है।
Showing posts with label Maharana Pratap. Show all posts
Showing posts with label Maharana Pratap. Show all posts
September 7, 2017
जिन्हें पीएम मोदी ने प्रणाम किया उन प्रताप की बेकद्री !
Sumit Saraswat SPSeptember 07, 2017BJP, Maharana Pratap, PM Narendra Modi, RSS, Vasundhara Raje, VHP, महाराणा प्रताप, हिन्दू सम्राट
No comments:
जिन महाराणा प्रताप को प्रणाम करने के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चंद रोज पहले मेवाड़ आए थे उन्हीं हिन्दू सम्राट प्रताप की राजस्थान के ब्यावर शहर में बेकद्री हो रही है। यहां प्रताप की प्रतिमा खंडित है। शासन-प्रशासन प्रताप के गौरव व सम्मान की अनदेखी कर रहा है। कई बार मांग और आक्रोश प्रदर्शन के बाद भी प्रताप की खंडित प्रतिमा को बदला नहीं गया और ना ही क्षतिग्रस्त सर्किल की मरम्मत करवाई गई। सत्ताधारी भाजपा शासन के जिम्मेदारों को भी प्रताप के मान-सम्मान का भान नहीं रहा। विड़ंबना रही कि विश्व हिन्दू परिषद, बजरंग दल, शिवसेना जैसे हिंदूवादी संगठन भी इस गंभीर मामले पर पुरजोर आवाज नहीं उठा सके। इससे हिन्दू समाज में आक्रोश फैल गया। आज हिन्दू समाज के लोगों ने प्रताप की प्रतिमा को काले कपड़े से ढक दिया और लिख दिया कि 'खंडित प्रतिमा है।' गाडोलिया लोहार समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष कालूराम चौहान ने सोशियल मीडिया पर फोटो सहित पोस्ट कर इसकी जानकारी दी। इस घटना के बाद हिन्दू समाज में जनप्रतिनिधियों के खिलाफ नाराजगी फैल गई। शहर का शांतिपूर्ण माहौल खराब होने का अंदेशा बन गया। ऐसे में सामाजिक विचारक सुमित सारस्वत ने सरकार को मामले से अवगत करवाया है।




